Thursday, January 15, 2026
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शेरगढ़ में श्री महाराजा अग्रसेन जयंती वार्षिक महोत्सव 15 अक्टूबर रविवार को मनाया जाएगा

शेरगढ़ कस्बे में श्री महाराजा अग्रसेन जयंती हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी मनाई जाएगी, इस संदर्भ में अध्यक्ष अग्रवाल सभा शेरगढ़ हरिओम जैन, अग्रवाल सेवा समिति के अध्यक्ष, बांकेलाल गर्ग ने जानकारी देते हुए बताया कि गत वर्षाे की भांति इस वर्ष भी भव्य और आकर्षक अग्रसेन जयंती 15 अक्टूबर रविवार को मनाई जाएगी, इसके लिए नवीन कार्यकारिणी का गठन हो चुका है और सभी तैयारी पूर्ण कर ली गई है इसमें सर्वप्रथम कस्बे में स्थित प्राचीन गोपीनाथ महाराज जी के मंदिर में 15 अक्टूबर को सुबह श्री अग्रसेन महाराज जी का मुकुट पूजन होगा उसके पश्चात शाम 5 बजे आकर्षक बैंड बाजों के साथ श्री महाराजा अग्रसेन जी की जयंती निकाली जाएगी।

के.डी. हॉस्पिटल में नवजात बच्ची की सफल सर्जरी

शिशु शल्य विशेषज्ञ डॉ. श्याम बिहारी शर्मा ने दूर की जन्मजात विकृति

पलवल निवासी सोनू ने माना के.डी. हॉस्पिटल प्रबंधन का आभार

मथुरा। के.डी. मेडिकल कॉलेज-हॉस्पिटल एण्ड रिसर्च सेण्टर के शिशु शल्य विशेषज्ञ डॉ. श्याम बिहारी शर्मा ने सर्जरी के माध्यम से जिला पलवल (हरियाणा) निवासी सोनू के घर जन्मी नवजात बच्ची की जन्मजात विकृति दूर करने में सफलता हासिल की है। अब बच्ची पूरी तरह से स्वस्थ है तथा मां का दूध पी रही है। परिजनों ने के.डी. हॉस्पिटल प्रबंधन का बहुत कम खर्चे में आपरेशन और उपचार के लिए आभार माना है।
गौरतलब यह कि पलवल (हरियाणा) निवासी सोनू के घर 19 सितम्बर, 2023 को एक बच्ची ने जन्म लिया, जिसके मलद्वार नहीं था तथा वह योनि मार्ग से मल उत्सर्जन कर रही थी। ऐसा देखकर कुछ सगे सम्बन्धियों ने सोनू को सलाह दी कि ऐसी बीमारी का इलाज के.डी. मेडिकल कॉलेज-हॉस्पिटल एण्ड रिसर्च सेण्टर मथुरा में हो सकता है, वह भी बहुत कम खर्चे में। अपने सगे सम्बन्धियों की बात मानकर सोनू अपनी बच्ची राधिका को लेकर 28 सितम्बर को के.डी. हॉस्पिटल में डॉ. श्याम बिहारी शर्मा से मिला।
डॉ. श्याम बिहारी शर्मा की जहां तक बात है वह ऐसे सौ से अधिक आपरेशन मथुरा एवं आसपास के जिलों में रहने वाले लोगों के बच्चों के कर चुके हैं। डॉ. शर्मा ने नवजात बच्ची राधिका का परीक्षण कर बीमारी का पता लगाया तथा दो दिन बाद 30 सितम्बर को सर्जरी के माध्यम से मलद्वार को योनि मार्ग से अलग कर यथास्थान बनाने में सफलता हासिल की। बच्ची अब ठीक है तथा सही तरह से मल त्याग रही है। इतना ही नहीं अब वह मां का दूध भी पीने लगी है।
इस सर्जरी में डॉ. श्याम बिहारी शर्मा का सहयोग डॉ. विनायका और ओटी टेक्नीशियन योगेश ने किया। के.डी. हॉस्पिटल में बहुत कम खर्च पर हुए आपरेशन एवं अच्छी सुविधाओं की परिजनों ने मुक्तकंठ से प्रशंसा की तथा अन्य लोगों को भी ऐसी बीमारी होने पर के.डी. हॉस्पिटल में आने को प्रेरित किया।
आर.के. एज्यूकेशनल ग्रुप के अध्यक्ष डॉ. रामकिशोर अग्रवाल, प्रबंध निदेशक मनोज अग्रवाल, प्राचार्य एवं डीन डॉ. आर.के. अशोका तथा उप-प्राचार्य डॉ. राजेन्द्र कुमार ने नवजात बच्ची की जन्मजात विकृति दूर करने के लिए शिशु शल्य विशेषज्ञ डॉ. श्याम बिहारी शर्मा को बधाई दी।

स्मार्ट सिटी परियोजना के कार्यों का नगर आयुक्त ने किया निरीक्षण

रंग जी मंदिर से रंगजी बगीचा तक बनेगी स्मार्ट रोड

छटीकरा से प्रेम मंदिर तक भी चल रहा है स्मार्ट रोड निर्माण का काम

कार्यदाई संस्था को समय से काम पूरा करने के दिए निर्देश

वृंदावन। नगर निगम मथुरा वृंदावन के वृंदावन जोन में स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत कराए जा रहे विकास कार्यों की समीक्षा के सम्बन्ध में नगर आयुक्त शशांक चौधरी द्वारा बैठक ली गई।
परियोजना अंर्तगत छटीकरा से लेकर वृंदावन तक 1300 मीटर स्मार्ट रोड, मल्टीलेवल पार्किंग, रंगजी से लेकर बड़े बगीचा तक स्मार्ट रोड का कार्य समय से पूर्ण कराने हेतु संबंधित अधिकारी और कार्यदाई संस्थाओं को निर्देशित किया गया।
इसके उपरांत रामलीला मैदान से महाविद्या कुंड का निरीक्षण किया गया। कुंड के निरीक्षण के दौरान कुंड पर सौंदर्यीकरण कराने हेतु सम्बंधित अधिकारियो को निर्देशित किया गया। साथ ही महाविद्या मन्दिर होते हुए श्री कृष्ण जन्म स्थान के गेट नंबर 3 तक सफाई व्यवस्था एवं पैच मरम्मत व्यवस्था का निरीक्षण किया गया। उन्होंने सम्बंधित अधिकारियो को समुचित सफाई व्यवस्था सुनिस्चित रखने हेतु निर्देशित किया।

जॉब की अपार सम्भावनाओं वाला क्षेत्र है साइबर सिक्योरिटीः दीपक चौधरी

राजीव एकेडमी में साइबर सिक्योरिटी के लाभ विषय पर हुई कार्यशाला

मथुरा। आज के दौर में देश-दुनिया पूरी तरह से इंटरनेट पर निर्भर है। औद्योगिक से लेकर लगभग हर क्षेत्र सूचना प्रौद्योगिकी पर निर्भर है। इस दौर में साइबर क्राइम भी तेजी से बढ़ रहा है लिहाजा इस क्राइम को कम करने के लिए साइबर सिक्योरिटी अफसरों की लगातार मांग बढ़ रही है। यह जॉब के अवसरों से भरा क्षेत्र है लिहाजा हम इस क्षेत्र में दक्षता हासिल कर अपने सपनों को साकार कर सकते हैं। यह बातें राजीव एकेडमी फॉर टेक्नोलॉजी एण्ड मैनेजमेंट में साइबर सिक्योरिटी के लाभ विषय पर आयोजित कार्यशाला में साइबर-सिक्योरिटी कन्सल्टेंट-विप्रो नोएडा में कार्यरत दीपक चौधरी ने छात्र-छात्राओं को बताईं।
श्री चौधरी ने छात्र-छात्राओं को सम्बोधित करते हुए कहा कि साइबर सिक्योरिटी क्षेत्र का भविष्य काफी सुरक्षित है। उन्होंने बताया कि साइबर सिक्योरिटी ऑनलाइन अपराध को कम करने की एक शाखा है। जिसके तहत एथिकल हैकर्स की टीम आपका डेटा चोरी होने, डेटा डिलीट होने या आपके किसी भी डिवाइस को नुकसान होने से आपको सुरक्षित करती है। इसे इन्फार्मेशन सिक्योरिटी के नाम से भी जाना जाता है। उन्होंने बताया कि साइबर सिक्योरिटी के तहत डिजिटल नेटवर्क, सर्वर, इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस, मोबाइल एवं कम्प्यूटर सिस्टम को किसी भी अनाधिकृत डिजिटल एक्सेस एवं साइबर हमले से सुरक्षित रखा जाता है।
जो छात्र-छात्राएं इसके एक्सपर्ट बनना चाहते हैं, उन्हें हार्डवेयर एवं साफ्टवेयर दोनों की सुरक्षा का समय-समय पर आकलन करना होगा। यह सुनिश्चित करना होगा कि डाटा का गलत इस्तेमाल न हो या वह बर्बाद न हो। उनकी जिम्मेदारी होती है कि वे कम्पनी या संस्था के डाटा एवं गोपनीय सूचनाओं को हैकर्स, वायरस एवं अन्य साइबर अपराध से सुरक्षित रख सकें। रिसोर्स परसन दीपक चौधरी जोकि राजीव एकेडमी के अलुमिनाई हैं, ने बीसीए के छात्र-छात्राओं से साइबर सिक्योरिटी से सम्बन्धित तैयारी करने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि चूंकि यह क्षेत्र भविष्य में आपको उत्तम जॉब उपलब्ध कराने वाला है, अतः आपको सॉफ्टवेयर डेवलपर्स वर्चुअल रिएलिटी जॉब्स, एथिकल हैकर और एनिजॉब इन साइबर सिक्योरिटी, डॉटा अनालिस्ट, कंटेंट क्रिएटर आदि पर कड़ा परिश्रम करना होगा। उन्होंने कहा कि चूंकि आरएटीम में लैब और अध्यापन दोनों अपडेट्स हैं लिहाजा परिश्रमी छात्र-छात्राओं को करिअर बनाने में दिक्कत नहीं आती। यहां बड़ी-बड़ी आईटी कम्पननियां कैम्पस प्लेसमेंट आयोजित करती रहती हैं तथा विद्यार्थियों को मनमाफिक जॉब मिलते रहते हैं। अंत में संस्थान के निदेशक डॉ. अमर कुमार सक्सेना ने रिसोर्स परसन दीपक चौधरी का आभार माना।

जीएलए पॉलीटेक्निक संस्थान सर्वश्रेष्ठ अवार्ड से सम्मानित

-दिल्ली में सीईजीआर के माध्यम से आयोजित उच्च शिक्षा समिट में मिला जीएलए पॉलीटेक्निक को सर्वश्रेष्ठ अवार्ड

मथुरा : सेंटर फॉर एजुकेशन ग्रोथ एंड रिसर्च (सीईजीआर) के तत्वावधान में दिल्ली में उच्च शिक्षा समिट का आयोजन किया गया। इस समिट में वर्ष 2022 के मूल्यांकन में श्रेष्ठता के आधार पर जीएलए विश्वविद्यालय, मथुरा के पॉलीटेक्निक संस्थान को नार्थ इंडिया के सर्वश्रेष्ठ सम्मान से नवाजा गया। यह अवार्ड संस्थान के प्राचार्य डा. विकास कुमार शर्मा ने प्राप्त किया।

वर्ष 2022 में मूल्यांकन करने वाली संस्थाओं ने पॉलीटेक्निक संस्था को प्लेसमेंट, प्रोजेक्ट्स, लैब इंफ्रास्ट्रक्चर, शिक्षकों की गुणवत्ता, इंडस्ट्रियल ट्रेनिंग, अपग्रेडेड तथा इंडस्ट्री रेडी पाठ्यक्रम आदि सर्वोच्च पाया। ऐसे ही भारत के विभिन्न संस्थानों का मूल्यांकन हुआ। संस्थानों को नवाजे जाने के लिए सीईजीआर ने बीते दिनों दिल्ली में एक उच्च शिक्षा समिट का आयोजन किया और उसमें विभिन्न प्रदेशों के पॉलीटेक्निक संस्थानों के प्राचार्य उपस्थित हुए। इस समिट में जीएलए पॉलीटेक्निक संस्थान को सर्वश्रेष्ठ संस्थान का अवार्ड प्राप्त हुआ।

विदित रहे कि पॉलीटेक्निक संस्थानों को उनके बेहतर प्रदर्शन पर अवार्ड देने वाली संस्था सीईजीआर एक राष्ट्रीय स्तर की संस्था है, जो प्रतिवर्ष देशभर में स्थित उच्च शिक्षा संस्थानों का मूल्यांकन कर रैकिंग प्रदान करती है। इसी संस्था द्वारा विगत वर्षों में भी जीएलए पॉलीटेक्निक को नार्थ इंडिया के सर्वश्रेष्ठ संस्थान के खिताब से नवाजा जा चुका है। सीईजीआर द्वारा प्रदान किया गया अवार्ड संस्थान के प्रबंधन के विजन तथा संस्थान में पूर्णरूप से सेवा देने वाले स्टाफ सदस्यों तथा छात्र-छात्राओं के परिश्रम के कारण ही संभव हो सका है।

संस्थान को सर्वश्रेष्ठ अवार्ड से नवाजे जाने पर प्राचार्य डा. विकास कुमार शर्मा ने कहा कि विगत वर्षों में छात्र-छात्राओं के चयन हेतु वोल्टास, यूफ्लेक्स, डीपाइपिंग, बीकेटी टायर्स, मनीटाऊ, गिनो, एफकॉन, एलएनटी, सापूजी पालम आदि कंपनियों ने कैंपस प्लेसमेंट का आयोजन कर रोजगार प्रदान किया। इसके अलावा कई छात्रों ने उद्यमिता की तरफ कदम बढ़ाये।

उन्होंने बताया कि जीएलए डिप्लोमा का पाठ्यक्रम इंडस्ट्री की मांग के अनुसार तैयार किया गया। पाठ्यक्रम के अन्तर्गत छात्र-छात्राओं को इलेक्ट्रिकल व्हीकल्स, मैकाट्रॉनिक्स, ऑटोमेशन, मोबाइल एप्लीकेषन, बैटरी निर्माण आदि के बारे में प्रयोगात्मक तौर पर शिक्षा प्रदान की जा रही है। इसके लिए संस्थान में उच्चस्तरीय प्रयोगशालाओं सीएनसी मशीन एंड ऑटोमेशन, एडवांस मशीन शॉप, ऑटोमोबाइल लैब, सोम लैब, बेल्डिंग लैब, मटेरियल टेस्टिंग लैब, सर्वेइंग लैब, कम्प्यूटर प्रोग्रामिंग लैब, पाइथन प्रोग्रामिंग लैब्स स्थापित हैं।

दशहरा कार्निवल में प्रसिद्ध सिंगर जस्सी गिल मचाएंगे धूम…

दो दिवसीय दशहरा कार्निवल कृष्णा ग्रीन्स में 24 और 25 को

बॉलीवुड के मशहूर सिंगर बिखेरेंगे जलवा, कार्निवल के लोगो का हुआ अनावरण

मथुरा : अग्रवाल क्लब परिवार, मथुरा द्वारा आयोजित दशहरा कार्निवल कार्यक्रम की तैयारी जोरो से चल रही है। इस संमंध में सोमवार को अग्रवाल रेस्टोरेंट में दशहरा कार्निवल कोर कमेटी की बैठक आयोजित हुई, जिसमें कार्यक्रम के लोगो का संस्थापक अजयकांत गर्ग, उपाध्यक्ष एवं जीएलए यूनिवर्सिटी के सीएफओ विवेक अग्रवाल, मनीष माला वाले, सचिव दीपक अग्रवाल ने अनावरण किया।

इस अवसर पर कार्निवल चेयरमैन धीरज गोयल एवं विशाल अग्रवाल ने बताया कि राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित कृष्णा ग्रीन्स में आयोजित होने वाले कार्यक्रम में दोनों दिन अपना जलवा बिखेरने के लिए भारत के प्रसिद्ध सिंगर अपनी पूरी टीम के साथ आ रहे हैं, जिसमें 24 अक्टूबर को जाने-माने सिंगर जस्सी गिल के साथ बब्बल राय अपने जलवे बिखेरेंगे। साथ देने के लिए ब्लू वर्ल्ड बैंड भी अपनी पूरी टीम के साथ कार्यक्रम में आ रहा है। कार्यक्रम कोऑर्डिनेटर अभिषेक हाथी वाला एवं योगेश अग्रवाल ने बताया कि 25 अक्टूबर को युवा दिलों की धड़कन मशहूर सिंगर दिलनूर के साथ ही भारत का प्रसिद्ध मिस्टेक पॉप बैंड भी अपनी प्रस्तुति देने के लिए कार्यक्रम में आ रहे हैं।

ग्राउंड डायरेक्टर गौरव अग्रवाल टेंट वाले एवं राहुल टेंट वालों ने बताया कि करीब 1लाख स्क्वायर फीट में आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम में बंगाल के कारीगर कार्यक्रम स्थल को डांडिया के रूप में सजा रहे हैं। स्टॉल डायरेक्टर अशोक अग्रवाल एवं गौरव अग्रवाल सर्राफ ने बताया कि कार्यक्रम स्थल पर देश की प्रसिद्ध बूटिकों ने अपनी स्टॉल बुक कराई है, जिससे मथुरा वासियों को विभिन्न प्रांतो के उत्पादों को खरीदने का मौका मिलेगा। कार्यक्रम की सफलता के लिए 10 अक्टूबर को मां कात्यायनी शक्तिपीठ वृंदावन में भजन संध्या का आयोजन भी किया गया है, जिसमें सभी सदस्य मां भगवती से पूरे देश की खुशहाली के साथ ही कार्यक्रम की सफलता के लिए आशीर्वाद प्राप्त करेंगे।

कार्यक्रम उप समन्वयक रजत गोयल दिलीप गोयल आदि भी विभिन्न व्यवस्थाओं में लगे हुए हैं। संस्थापक अजयकांत गर्ग, उपाध्यक्ष विवेक अग्रवाल, मनीष अग्रवाल ने बताया कि अति शीघ्र सभी तैयारियां पूर्ण कर ली जाएगी। इसके बाद निमंत्रण पत्र के द्वारा नगर वासियों को कार्यक्रम के लिए आमंत्रित किया जाएगा। सचिव दीपक अग्रवाल ने सभी मथुरा वासियों से उत्साह पूर्वक कार्यक्रम में भाग लेने की अपील की। उन्होंने बताया कि कार्यक्रम स्थल के अंदर ही पार्किंग की व्यवस्था रहेगी, जिससे किसी भी तरह का मार्ग अवरुद्ध न हो इस अवसर पर राहुल अग्रवाल, योगेश अग्रवाल, मोनू मुकुटवाला, विनीत गोयल, तनुज सिंघल, कौशल अग्रवाल, दिलीप गर्ग, मनोज अग्रवाल सर्राफ आदि उपस्थित रहे।

करांटे में स्वर्ण जीत विद्यालय को किया गौरवान्वित

जिला स्तरीय करांटे चैम्पियनशिप में वीपीएस के विद्यार्थियों ने किया उत्कृष्ट प्रदर्शन

गौरांगी शर्मा व लव शर्मा ने जीते स्वर्ण पदक

वृंदावन। मथुरा मार्ग स्थित वृंदावन पब्लिक स्कूल के नाम एक नया कीर्तिमान उस समय स्थापित हो गया जब मथुरा स्थित कान्हा माखन मिलेनियम में आयोजित जिला स्तरीय करांटे चैम्पियनशिप में विद्यार्थियों द्वारा उम्दा प्रदर्शन करते हुए विद्यालय को स्वर्ण पदक जिताए। इस दौरान विभिन्न भार वर्ग में विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने प्रतिभाग किया। जिसमें अपना सर्वश्रेष्ठ देते हुए छात्रा गौरांगी शर्मा व छात्र लव शर्मा ने स्वर्ण पदक अपने नाम किया। वहीं समूचे छात्र-छात्राओं के योगदान के बल पर विद्यालय का स्थान प्रतियोगिता में तृतीय रहा।
विद्यालय कोच शिवानी वर्मा ने बताया कि मथुरा स्थित कान्हा माखन मिलेनियम स्कूल में यह जिला स्तरीय प्रतियोगिता आयोजित की गई थी। जिसके विभिन्न भार वर्ग में हमारे स्कूल के छात्र-छात्राओं ने प्रतिभाग किया था।
इस दौरान गौरांगी शर्मा व लव शर्मा ने स्वर्ण, धैर्य गोस्वामी, मयंक शर्मा, यश चौधरी, रितु तिवारी, स्नेहा निगम और रितिका ने रजत पदक अपने नाम किया। साथ ही यथार्थ गोस्वामी, हर्ष, आराध्य गोस्वामी एवं आरती ने अपने-अपने भारवर्ग में कांस्य पदक प्राप्त कर विद्यालय को गौरवान्वित किया।
छात्रों की इस उपलब्धि पर विद्यालय निदेशक डॉ ओम जी एवं सह निदेशिका निधि शर्मा ने विजयी छात्र समूह का बधाई देते हुए उनका उत्साहवर्धन किया। उन्होंने कहा कि खेल चाहे कोई भी हो हमारे शरीर को स्वस्थ रखता है, साथ ही हमें अनुशासन भी सिखाता है, जो कि विद्यार्थी जीवन का मुख्य नियम है।
इस अवसर पर शिवानी वर्मा, शैतान सिंह, भारत भूषण, अशोक सैनी, आदित्य शर्मा, सुकुमार आदि मौजूद थे।

उन्नत डिजिटल तकनीक से हटाने योग्य प्रोस्थोडॉन्टिक्स में आया क्रांतिकारी बदलाव

के.डी. डेंटल कॉलेज एण्ड हॉस्पिटल में विद्वतजनों ने साझा किए विचार

मथुरा। के.डी. डेंटल कॉलेज एण्ड हॉस्पिटल में “रिविजिटिंग आरपीडी: कन्वेंशनल टू डिजिटल इवोल्यूशन” विषय पर एक कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला में प्रमुख वक्ता डॉ. सरनजीत सिंह भसीन और डॉ. रमित लाम्बा ने छात्र-छात्राओं को बताया कि उन्नत डिजिटल तकनीक से हटाने योग्य प्रोस्थोडॉन्टिक्स में क्रांतिकारी बदलाव आया है। दोनों वक्ताओं का मानना है कि चिकित्सा के क्षेत्र में अब पारम्परिक तकनीक की बजाय उन्नत डिजिटल तकनीक अधिक कारगर है। कार्यशाला का शुभारम्भ डीन और प्राचार्य डॉ. मनेष लाहौरी के स्वागत भाषण से हुआ।
प्रोस्थोडॉन्टिक्स विभाग के प्रमुख और जामिया मिलिया इस्लामिया में दंत चिकित्सा संकाय के पूर्व डीन डॉ. भसीन और नई दिल्ली में सीएनसी डेंटल लैब और अकादमी के निदेशक डॉ. लाम्बा ने “रिविजिटिंग आरपीडी: कन्वेंशनल टू डिजिटल इवोल्यूशन” विषय पर अपनी अंतर्दृष्टि साझा की। इस कार्यक्रम का प्राथमिक फोकस हटाने योग्य आंशिक डेन्चर (आरपीडी) के क्षेत्र में पारम्परिक तकनीक की बजाय उन्नत डिजिटल तरीकों से संक्रमण का पता लगाना था। डॉ. भसीन ने छात्र-छात्राओं को बताया कि इंट्राओरल स्कैनर और सीएडी/सीएएम सॉफ्टवेयर सहित डिजिटल तकनीक से प्रोस्थोडॉन्टिक्स के क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव आया है। उन्होंने बताया कि ये डिजिटल उपकरण पारम्परिक मैन्युअल तरीकों की तुलना में काफी लाभदायी हैं।
दोनों वक्ताओं ने बताया कि डिजिटल इम्प्रेशन और 3डी प्रिंटिंग के उपयोग ने आरपीडी निर्माण प्रक्रिया को सुव्यवस्थित किया है तथा त्रुटियों को भी काफी कम किया है। इसके अतिरिक्त उन्नत डिजिटल तकनीक को अपनाने से चिकित्सकों, दंत प्रयोगशालाओं और रोगियों के बीच संचार बढ़ा है तथा उपचार परिणामों में भी सुधार हुआ है। कॉलेज के लेक्चर हॉल में आयोजित सीडीई कार्यक्रम में 140 से अधिक प्रतिभागियों ने डॉ. हरप्रीत के मार्गदर्शन में इंट्राओरल सेंसर पर व्याख्यान और प्रदर्शन सत्र के लिए अपना पंजीयन कराया था।
डॉ. सरनजीत सिंह भसीन ने अपने व्याख्यान में हटाने योग्य आंशिक डेन्चर में मूल्यवान अंतर्दृष्टि प्रदान करते हुए स्नातक और स्नातकोत्तर छात्र-छात्राओं को उज्ज्वल भविष्य के लिए नवाचार को अपनाने पर जोर दिया। इंट्राओरल सेंसर पर डॉ. हरप्रीत के निर्देशित डेमो सत्र से प्रतिभागियों को काफी लाभ मिला। कार्यक्रम के अंत में डॉ. सरनजीत और डॉ. रमित ने प्रतिभागियों के प्रश्नों के उत्तर दिए। कार्यक्रम का समापन डॉ. सरनजीत सिंह भसीन, डॉ. रमित लाम्बा और डॉ. मनेश लाहौरी द्वारा उपस्थित प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र प्रदान कर किया गया। प्राचार्य डॉ. मनेष लाहौरी ने वक्ताओं का स्वागत करते हुए कहा कि इस तरह की शैक्षिक कार्यशालाएं छात्र-छात्राओं के संदेह दूर करने तथा क्षेत्र विशेष की गहरी समझ हासिल करने में मदद करती हैं।

अटल बिहारी वाजपेयी नेशनल अवार्ड से अलंकृत हुए कृष्ण कन्हाई

वृन्दावन। भारत में रिपब्लिक ऑफ सर्बिया के राजदूत शिनीशा पाविक द्वारा देश के प्रसिद्ध चित्रकार पद्मश्री कृष्ण कन्हाई को अटल बिहारी वाजपेयी नेशनल अवार्ड से सम्मानित किया गया। कला और संस्कृति को बढ़ावा देने के लिये एशियन आकदमी ऑफ आर्ट एण्ड कल्चर पिछले नौ सालों से यह सम्मान दे रही है। इसके संस्थापक एवं अध्यक्ष संदीप मारवाह हैं, जो एक फिल्म निर्माता, निर्देशक, शिक्षक, पत्रकार व व्यवसायी हैं।
इस कार्यक्रम में फिल्मों के गीतकार समीर पांडे, पं. रामदायल शर्मा, उस्ताद अकरम खान, लेखक सीतेश आलोक, भरतनाटयम नित्यगाना कु. सोमा0सेखरी तथा कवि और लेखक डोली डबराल आदि कलाकारों को दिया गया।
यह कार्यक्रम नोएडा के मारवाह स्टूडियों में सैकडो लोगो , पत्रकारों एंव बुद्धि जीवियों की उपस्थित मे हुआ।
ज्ञात हो पिछले दिनों कृष्ण कन्हाई को डा. एपीजे अब्दुल कलाम सम्मान से भी नवाजा गया था। 2004 में तत्कालीन राष्ट्रपति कलाम ने ही कृष्ण कन्हाई को पद्मश्री से सम्मानित किया था तथा उनके द्वारा बनाया हुआ भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी का एक आदमकद चित्र संसद भवन के केन्द्रिय कक्ष की शोभा बढ़ा रहा है। यह चित्र फरवरी 2019 में स्थापित किया गया था।
कृष्ण कन्हाई ने बताया कि माननीय अटल जी से उनकी कई बार भेंट हुई और आज उनके नाम का सम्मान पाना बहुत ही गौरव की बात है। उनका मानना है कि यह सब बिहारी जी की कृपा और पिताश्री के आर्शीवाद का फल है यह सम्मान मै अपने मित्रों तथा बृजवासियों को समर्पित करता हूं।

सफल उद्यमी की व्यक्तित्व विशेषताओं से रूबरू हुए राजीव एकेडमी के विद्यार्थी

जोखिम लेने की क्षमता उद्यमिता की महत्वपूर्ण विशेषता

मथुरा। जुनून, दूरदर्शिता, निर्णय लेने की क्षमता, आत्मविश्वास तथा निरंतरता एक सफल उद्यमी की विशेषताएं होती हैं। कोई बिजनेस मॉडल कितना भी आजमाया या परखा हुआ हो, एक नया उद्यम शुरू करने का निर्णय हमेशा जोखिमों से भरा होता है। जो व्यक्ति जोखिमों से पार पाने में सक्षम है, वह अपने दम पर सबकुछ कर सकता है। इसलिए, जोखिम लेने की क्षमता उद्यमिता की एक महत्वपूर्ण विशेषता है। यह बातें राजीव एकेडमी फॉर टेक्नोलॉजी एण्ड मैनेजमेंट के बीबीए विभाग द्वारा आयोजित कार्यशाला में नवीरा की फाउण्डर रसना बैजल ने छात्र-छात्राओं को बताईं।
राजीव एकेडमी में बीबीए के छात्र-छात्राओं को बच्चों के सिलेसिलाए वस्त्रों की कम्पनी नवीरा की फाउण्डर रसना बैजल ने एक सामान्य उद्यमी के व्यक्तित्व की विशेषताएं बताते हुए कहा कि आपको कारपोरेट जगत में कदम रखने से पूर्व अपने व्यक्तित्व में विशेष बदलाव लाने होंगे क्योंकि जब स्वयं को सीखने के लिए तैयार करोगे तभी सामने वाले की बात समझोगे। इसके लिए उन्होंने विद्यार्थियों को लर्निंग आब्जेक्ट के बारे में समझाया। उन्होंने कहा कि लर्निंग (सीखने) के पाँच आब्जेक्ट मुख्य हैं। प्रबन्धन की पढ़ाई में ये बिग फाइव (ओसीईएएन) व्यक्तित्व विकास के पांच आदर्श सिद्धांत हैं।
उन्होंने कहा कि पर्सनालिटी व्यक्ति के व्यक्तित्व में बिल्कुल स्पष्ट रूप से झलकती है। जब आप उसके सम्पर्क में आते हैं तब बहुत कुछ नया सीखते हैं। उसके व्यक्तित्व में कुछ खास होता है जो आपका ध्यान अपनी ओर आकर्षित करता है। इसी खास विशेषता के चलते वह उद्यमी कठिन से कठिन परिस्थितियों से जूझते हुए स्वयं के उद्यम को अंजाम तक पहुँचाता है। आप सभी को ऐसे उद्यमी के व्यक्तित्व से सीखना चाहिए ताकि आगे चलकर यदि जीवन में ऐसी समस्याएं उत्पन्न हों तो आप उन्हें सरलता से सुलझा सकें और एक सफल उद्यमी बन सकें।
रसना बैजल ने कहा कि जुनून एक अच्छे उद्यमी के महत्वपूर्ण गुणों में से एक है। बेहतर उत्पादों और सेवाओं के उत्पादन के लिए जबरदस्त जुनून की आवश्यकता होती है जो सभी सफल उद्यमियों में होता है। आपका जुनून किसी संकट या बाधा पर काबू पाने में मदद करता है। उन्होंने कहा कि सफल उद्यमी में दूरदृष्टि का होना भी जरूरी है। एक उद्यमी की दूरदृष्टि ही उसे लक्ष्य की दिशा में चलने और अवसरों की तलाश करने में मदद करती है। एक उद्यमी का सबसे महत्वपूर्ण गुण आत्मविश्वास होता है। यह किसी भी व्यवसाय में आवश्यक है क्योंकि यह रास्ते में आने वाली बाधाओं और निराशा पर काबू पाने में मदद करता है।
इसी तरह त्वरित निर्णय लेने की क्षमता एक उद्यमी के प्रमुख कौशल और विशेषताओं में से एक है। यह गुण किसी व्यवसाय के सफल या विफल होने की क्षमता की भी पहचान करता है। एक सफल उद्यमी के पास न केवल बड़े निर्णय लेने का कौशल होता है बल्कि वे यह भी जानते हैं कि अपने उद्देश्य तक पहुंचने के लिए निर्णय को सही दिशा में कैसे लागू किया जाए। उन्होंने छात्र-छात्राओं को बताया कि जीवन में किसी भी प्रकार के उद्देश्य को प्राप्त करने के लिए निरंतरता भी महत्वपूर्ण है। अंत में संस्थान के निदेशक डॉ. अमर कुमार सक्सेना ने रिसोर्स परसन रसना बैजल का आभार माना।